युवराज सिंह के बल्ले से निकली आग, अब अफ्रीका के खिलाफ जगह मिलना तय…

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कई समय से युवराज सिंह भारतीय टीम से बाहर चल रहे है ,और अब इनकी भारतीय टीम मे वापसी बेहद मुश्किल लगती है । 2011 विश्व कप की बात करे तो इन्होने बल्ले और गेंद दोनो से ही भारत्तिय टीम को सहारा दिया था । बल्ले के साथ साथ इन्होने गेंद से भी चमत्कार दिखाया था। यह 2011 विश्व कप के हीरो रहे थे।

(AP Photo/Kirsty Wigglesworth)

इनके करियर खत्म होने की वजह महेंद्र सिंह धोनी को बताया जा रहा है । धोनी पर कई खिलाड़ियों के करियर खत्म करने के आरोप लगे हुए है , इनमे से एक युवराज भी है । युवराज सिंह के पिता योगराज ने भी धोनी को ही इनके बेटे का करियर खत्म करने के लिए आरोप लगाया है ।

युवराज सिंह ने 2011 विश्व कप मे कैंसर से लड़ने के बावजूद भी इस लीग मे बेहतरीन प्रदर्शन किया था । विश्व कप खत्म होने के बाद इन्होने शानदार तरीके से कैंसर से लडाई लड़ी और विजेता बने। 20 महीने के लंबे ब्रेक के बाद वापसी कर रहे युवराज सिंह लय मे नही दिखाई दिए। दिसंबर 2012 मे युवराज सिंह को पाकिस्तान के खिलाफ मौका दिया गया था।

वापसी के बाद पहले ही मैच मे युवराज सिंह का प्रदर्शन निराशजनक रहा जिसमे इन्होने महज 2 रन बनाए थे। धोनी ने इन्हे एक दो नही बल्कि 2013 मे कुल मिलाकर 19 मैचो मे मौका दिया। लेकिन इस समय युवराज लय मे नही दिख रहे थे, 19 मे से सिर्फ 2 ही मैचो मे इन्होने अर्ध शतक लगाए थे। इसके बाद इन्हे टीम से बाहर कर दिया गया था।

इसके अलावा युवराज सिंह ने टी-20 विश्व कप 2007 मे लगातार 6 गेंदों पर 6 छक्के लगाकर चमत्कर कर दिया था।ताजा ताजा खबर आई है कि युवराज सिंह ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी मे धमाकेदार अर्धशतक जड़ दिया है।नॉर्थ ज़ॉन टी-20 मैच मे पंजाब के लिए खेलते हुए युवराज सिंह ने दिल्ली के खिलाफ 40 गेंदो मे 4 चौको और 1 छक्के की मदद से 50 रन जड़ दिए थे ।युवराज सिंह के अर्धशतक की वजह से पंजाब टीम ने 20 ओवर मे 170 रनो का शानदार स्कोर दिल्ली के सामने खड़ा किया है ।हाल फिलहाल गौतम गंभीर और ऋषभ पंत क्रीज़ पर मौजूद थे।

एक बार फिर युवराज का बल्ला चला है ,लगातार दूसरी बार युवराज सिंह अपना दमखम दिखाया है ।युवराज सिंह ने अपनी टीम पंजाब के लिए खेलते हुए नाबद 35 रन की पारी खेली , रन देखकर आपको लग रहा होगा कि यह खास रन नही है । परंतु ऐसा नही है इन्होने अपनी टीम को इसी के बदौलत जीताया है, जब इनकी टीम को सबसे ज्यादा जरुरत थी की कोई खिलाड़ी क्रिज़ पर टिके तो इन्होने यह काम करके जीत दिलाई ।

युवराज सिंह के अलावा मंदीप सिंहने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए 56 गेंदो पर 84 रन की पारी खेली।पंजाब टीम ने महज 2 विकेट गँवा कर ही 8 विकेट से मैच जीत लिया था।युवराज सिंह जिस लय मे चल रहे है उस हिसाब से लग रहा है कि यह भारतीय टीम मे वापिसी कर सकते है ।

युवराज सिंह की बात करे तो इन्होने हाल ही मे यो यो टेस्ट पास कर लिया है पर फिर भी इन्हे साउथ अफ्रीका के खिलाफ श्रंखला कई लिए नजरअंदाज किया गया।यह भारतीय टीम मे आने के लिए फिर से कड़ी मेहनत मे जुट गए है ।