क्रिकेट जगत मे हमने कई रिकॉर्ड बँटे देखाइ है और कई रिकॉर्ड टूटते देखे है । आज के दौर मे क्रिकेट सबके लिए एक मनोरंजन बन ग्या हैं | हार देश मे क्रिकेट का ही बोल बाला है । चाहे बच्चा हो या बूढ़ा हर कोई क्रिकेट खेलना और देखना दोनो ही पसंद करता है । क्रिकेट मे हमने कई करिश्माई चीज़े देखी है , जैसे कि सुपर मैंन कैच, इत्यादि।

आखिर क्रिकेट अनिश्चिकताओ का खेल है , इस खेल मे कुछ भी संभव है । नामुमकिन चीज़ भी इस खेल मे हो सकती है । युवराज सिंह के 6 छक्के ही ले लो , ऐसा करना बहुत मुश्किल है परंतु युवराज सिंह ने यह चमत्कार करके सबको दिखाया है ।

क्रिकेट मे कुछ भी संभव है आज हम ऐसा ही एक नामुमकिन चीज़ को आपके सामने लेकर आए है । इस व्यक्ति की हिम्मत को हम सैल्यूट करते है जो विकलांग होने के बाद भी क्रिकेट इतना अच्छा खेल सकता है । ऐसा क्रिकेट शायद हम भी नही खेल सकते होगे , जितना अच्छा क्रिकेट यह खेलतेन हुए नजर आ रहे है ।

हमने क्रिकेट मे देखा है कि एक पैर से भी व्यक्ति क्रिकेट मे कमाल दिखा सकते है । साथ ही कुछ खिलाड़ी ऐसे भी होते है जो अपने दोनो हाथो से गेंदबाजी करवाने मे सक्षम होते है । अब आज के युग मे हम देख सकते है कि अजीबो गरीब शॉट्स मारकर भी बल्लेबाज बाउंड्री हासिल कर लेता है ।

बल्लेबाजो का क्रीज़ पर खड़े होने का तरीका दिन पर दिन बदलता ही जा रह है । इसकी शुरुआत तो वेस्ट इंडीज़ के बल्लेबाज शिवनारायण चंद्रपॉल ने की थी। वह कुछ अजीबो गरीब तरीके से क्रीज़ पर बल्लेबाजी करते हुए खड़े होते थे।

इंग्लैंड के केविन पीटरसन भी किसी से कम नही है , इनका खड़े होने का स्टांस भी कुछ अजीबो गरीब ही था । इनकी बात तो दूर की है ऑस्ट्रेलियाई कप्तान स्टीव स्मिथ को ही देख लिजिए , वह भी अजीबो गरीब तरह से स्टांस लेते है और शफल होते है क्रीज़ पर।

ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज जॉर्ज बेली ने अपनी पारी के दौरान पीठ दिखाकर बल्लेबाजी दिखाकर बल्लेबाजी की। यह बहुत ही अजीबो गरीब स्टांस था जिसमे जॉर्ज बेली नजर आए । लेकिन इस स्टांस मे बेली ने 71 रन ठोक डाले।